

IIT Roorkee Develops AI Fashion Technology with FLORA and NeRA
देहरादून, 95 February 2026 । फैशन और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के संगम पर भारत ने एक नई उपलब्धि हासिल की है। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की के शोधकर्ताओं ने फैशन डिजाइन के क्षेत्र में दो महत्वपूर्ण तकनीकी नवाचार प्रस्तुत किए हैं। इनमें भारत का पहला फैशन-स्केच आधारित डेटासेट “फ्लोरा (FLORA)” और उन्नत एआई मॉडल “नेरा (NeRA)” शामिल हैं, जो भविष्य में डिजाइन की प्रक्रिया को पूरी तरह बदल सकते हैं।
आसान शब्दों में कहें तो अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस केवल “नीली शर्ट” जैसे सामान्य निर्देशों तक सीमित नहीं रहेगा। यह तकनीक रंगों की बारीकियों, डिजाइन की शैली, कपड़े की बनावट और सिलुएट जैसे जटिल फैशन विवरणों को समझकर उनके आधार पर पूरा स्केच तैयार करने में सक्षम होगी। यही इस शोध की सबसे बड़ी विशेषता मानी जा रही है।
फैशन डिजाइन रचनात्मक सोच पर आधारित होता है, लेकिन कल्पना को स्केच में ढालना समय और मेहनत भरा काम है। बदलते ट्रेंड और ग्राहकों की व्यक्तिगत पसंद के अनुरूप डिजाइनरों को बार-बार नए डिजाइन तैयार करने पड़ते हैं। फ्लोरा और नेरा इस चुनौती को आसान बनाएंगे, जहां डिजाइनर केवल शब्दों में अपनी अवधारणा बताएंगे और एआई उसे सटीक स्केच में बदल देगा।
अब तक उपलब्ध अधिकांश फैशन डेटासेट कपड़ों की तस्वीरों या ऑनलाइन कैटलॉग पर आधारित रहे हैं, जिनका उपयोग मुख्यतः ई-कॉमर्स तक सीमित था। फ्लोरा डेटासेट इस मायने में अलग है, क्योंकि इसमें पेशेवर फैशन स्केच के साथ उनके विस्तृत टेक्स्ट विवरण शामिल हैं। इनमें फैब्रिक, शैली, सिलुएट और सामग्री जैसी तकनीकी जानकारियां दी गई हैं, जिससे एआई फैशन की भाषा को गहराई से समझ पाता है।
इस शोध का नेतृत्व प्रोफेसर स्पर्श मित्तल ने किया। उनका कहना है कि यह तकनीक डिजाइन को अधिक तेज़, सटीक और पर्यावरण के अनुकूल बनाएगी। वहीं संस्थान के निदेशक प्रोफेसर कमल किशोर पंत ने इसे आईआईटी रुड़की की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि यह पहल ‘डिजिटल इंडिया’ और ‘मेक इन इंडिया’ अभियानों को नई मजबूती देगी।
कुल मिलाकर, यह नवाचार फैशन डिजाइन, खुदरा व्यापार, ऑनलाइन शॉपिंग, वर्चुअल ट्रायल, गेमिंग और मेटावर्स जैसे क्षेत्रों में नए अवसर खोलने वाला साबित हो सकता है और भारत को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिला सकता है।


