By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
  • क्राइम
  • देश-विदेश
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्पोर्ट्स
  • स्वास्थ्य
  • वीडियो न्यूज़
Search
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Reading: बरसात शुरू होते ही केदार घाटी से लौटी हेली कंपनियां
Share
Notification Show More
Latest News
केदारनाथ यात्रा में स्थानीय युवाओं को रोजगार, 1200 टेंट से बढ़ेगी ठहरने की क्षमता
उत्तराखंड
दून-टनकपुर हेली सेवा को जल्द मिलेगी उड़ान
उत्तराखंड
अर्श से फर्श और दीवार से थाली तक, जनगणना में झलकेगी जीवनशैली
उत्तराखंड
मसूरी में ऐतिहसिक किपलिंग ट्रैक का होगा कायाकल्प
उत्तराखंड
केदारनाथ हेली सेवा में अब लाइव ट्रैकिंग अनिवार्य, सुरक्षा होगी और मजबूत
उत्तराखंड
Aa
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Aa
  • पर्यटन
  • राजनीती
Search
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
Follow US
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Himalaya Ki Awaj > Blog > देश-विदेश > बरसात शुरू होते ही केदार घाटी से लौटी हेली कंपनियां
देश-विदेश

बरसात शुरू होते ही केदार घाटी से लौटी हेली कंपनियां

Web Editor
Last updated: 2025/06/23 at 3:41 AM
Web Editor
Share
2 Min Read
SHARE

– अब सितंबर में शुरू होंगी केदारनाथ धाम के लिए उडानें

– 15 जून को  हुए हादसे के बाद से बंद थी हेलीकाप्‍टर सेवा

रुद्रप्रयाग :  बरसात शुरू होते ही केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवा का संचालन करने वाली कंपनियों ने  केदार घाटी से अपना बोरिया बिस्‍तर समेट लिया है। अब कंपनियां बारिश का मौसम समाप्‍त होने पर सितंबर में सेवाएं शुरू करेंगी।

Contents
– अब सितंबर में शुरू होंगी केदारनाथ धाम के लिए उडानें– 15 जून को  हुए हादसे के बाद से बंद थी हेलीकाप्‍टर सेवा

आमतौर पर केदारनाथ के लिए उडान भरने वाली हेली कंपनियां बरसात में सेवाओं को विराम देती रही हैं। इसकी प्रमुख वजह है कि केदारनाथ क्षेत्र में पल पल बदलता मौसम उडान के लिए एक बडा खतरा है। बरसात में मौसम की अनिश्चितता और ज्‍यादा बढ जाती है तो इस मौसम में सेवाओं का संचालन नहीं किया जाता। हालांकि इस बार हेली सेवाओं का संचालन 15 जून से ही बंद है। उस दिन गौरीकुंड के पास हुई हेली दुर्घटना में सात लोगों की जान चली गई थी। हालात को देखते हुए सरकार ने 16 जून तक उडानों पर रोक लगा दी थी। इसके बाद सरकार ने कहा कि एसओपी को लेकर और सख्‍ती की जाएगी। 15 जून के बाद हेली सेवाओं का संचालन नहीं हो पाया। दो दिन पहले हेली सेवाएं दे रही ग्लोबल, थंबी, पवनहंस, हिमालयन हेली आदि कंपनियां लौट गई है। वहीं दुर्घटनाओं को देखते हुए डीजीसीए आर्यन, ट्रांस भारत और क्रिस्टल की सेवाएं पहले ही बंद करा चुका है। गौरतलब है कि केदारनाथ धाम के लिए 22 जून तक की टिकट बुकिंग थी।

 

 

You Might Also Like

धान की नई तकनीक से 35% तक घटेगी मीथेन गैस

पीएनजी उपभोक्ताओं को एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करना होगा, केंद्र का बड़ा फैसला

अब गूगल मैप्स पर मिलेगी आधार सेवाओं की पूरी जानकारी, घर बैठे ढूंढ सकेंगे नजदीकी केंद्र

एक अप्रैल  से टोल प्लाजा पर बंद हो सकता है नकद भुगतान 

बाढ़ से पहले ही चेतावनी देगा ‘फ्लड वॉच’ मोबाइल एप

TAGGED: Heli companies returned from Kedar Valley as soon as the rains started
Web Editor June 23, 2025
Share this Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article ऋषिकुल में की जायेगी मदन मोहन मालवीय राज्य शोध संस्थान की स्थापना : सीएम
Next Article होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने की चुनौती से निपटने के लिए भारत तैयार, तेल विपणन कंपनियों के पास पर्याप्‍त स्‍टाक
Leave a comment Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM-1.mp4
https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM.mp4

Stay Connected

100 Followers Like
100 Followers Follow
100 Followers Follow
100 Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow
- Advertisement -
Ad imageAd image

Latest News

केदारनाथ यात्रा में स्थानीय युवाओं को रोजगार, 1200 टेंट से बढ़ेगी ठहरने की क्षमता
उत्तराखंड April 9, 2026
दून-टनकपुर हेली सेवा को जल्द मिलेगी उड़ान
उत्तराखंड April 9, 2026
अर्श से फर्श और दीवार से थाली तक, जनगणना में झलकेगी जीवनशैली
उत्तराखंड April 9, 2026
मसूरी में ऐतिहसिक किपलिंग ट्रैक का होगा कायाकल्प
उत्तराखंड April 9, 2026

Recent Posts

  • केदारनाथ यात्रा में स्थानीय युवाओं को रोजगार, 1200 टेंट से बढ़ेगी ठहरने की क्षमता
  • दून-टनकपुर हेली सेवा को जल्द मिलेगी उड़ान
  • अर्श से फर्श और दीवार से थाली तक, जनगणना में झलकेगी जीवनशैली
  • मसूरी में ऐतिहसिक किपलिंग ट्रैक का होगा कायाकल्प
  • केदारनाथ हेली सेवा में अब लाइव ट्रैकिंग अनिवार्य, सुरक्षा होगी और मजबूत

साथियों, ये है हिमालय की आवाज. आप सोच रहे होंगे कि इतने पोर्टल के बीच एक और पोर्टल. इसमें क्या अलग है. यूं तो इसमें भी खबर ही होंगी, लेकिन साथ ही होगी हिमालय की आवाज यानी अपनी माटी, अपने गांव गली और चौक की बात. जल-जंगल और जमीन की बात भी. पहाड़ के विकास के लिए हम दमदार आवाज बनेंगे. आप सभी शुभचिंतकों के सहयोग का आकांक्षी. : किरण शर्मा, संस्‍थापक

Most Viewed Posts

  • मक्‍की की वजह से पर्यटन के नक्‍शे पर आया यह गांव (6,094)
  • राज्य में 12 पी माइनस थ्री पोलिंग स्टेशन बनाए गए (5,985)
  • टिहरी राजपरिवार के पास 200 करोड से अधिक की संपत्ति (4,486)
  • कम मतदान प्रतिशत वाले बूथों पर जनजागरूकता में जुटा चुनाव आयोग (4,364)
  • प्रधानमंत्री माेदी और गृह मंत्री शाह जल्‍द आएंगे उत्‍तराखंड (4,274)
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Follow US

© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?