By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
  • क्राइम
  • देश-विदेश
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्पोर्ट्स
  • स्वास्थ्य
  • वीडियो न्यूज़
Search
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Reading: मलबे की चादर हटी, अब सन्‍नाटे की चादर में सहस्रधारा
Share
Notification Show More
Latest News
चारधाम यात्रा से पहले गैस आपूर्ति पर फोकस, खाद्य विभाग ने बनाई व्यापक रणनीति
उत्तराखंड
धामी सरकार का भ्रष्टाचार पर बड़ा प्रहार, देहरादून में उप शिक्षा अधिकारी रंगे हाथ गिरफ्तार
क्राइम
रोड रेज मामले में सख्ती, दो अधिकारी निलंबित
उत्तराखंड क्राइम
ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को केंद्र की मंजूरी, 1105 करोड़ की परियोजना को मिली हरी झंडी
उत्तराखंड
राहत की खबर: उत्तराखंड में बिजली दरें जस की तस, बढ़ोतरी प्रस्ताव खारिज
उत्तराखंड
Aa
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Aa
  • पर्यटन
  • राजनीती
Search
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
Follow US
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Himalaya Ki Awaj > Blog > उत्तराखंड > मलबे की चादर हटी, अब सन्‍नाटे की चादर में सहस्रधारा
उत्तराखंड

मलबे की चादर हटी, अब सन्‍नाटे की चादर में सहस्रधारा

Web Editor
Last updated: 2025/09/20 at 9:01 AM
Web Editor
Share
2 Min Read
SHARE

शुक्रवार शाम को कुछ इस तरह नजर आया बाजार

Silence in Sahastradhara: Dehradun’s Favorite Tourist Spot After Natural Disaster

देहरादन, 20 सितंबर 2025 : गुरु द्रोण की तपस्‍थली और सैलानियों की सबसे पसंदीदा सैरगाह सहस्रधारा सन्‍नाटे की चादर ओढे हुए है। जो सडकें और गलियां सुबह से देर रात तक पयर्टकों की चहल-कदमी से गुलजार रहते थे वहां पसरी खामोशी यह बताने के लिए काफी है कि 15 सितंबर की उस रात बरपे कहर की कराह आज भी कम नहीं हुई है। एसडीआरएफ के जवानों के हिम्‍मत और हौसले से काफी हद तक सडकों और दुकोंनों के आसपास जमा मलबे के ढेर तो साफ हो गए हैं, लेकिन जिंदगी पटरी पर लौटने में हिचकिचा रही है। इसमें समय लगना तय हैै,घाव हरा है और सरकार मरहम लगाने का प्रयास कर ही रही है।

आमतौर पर सहस्रधारा के लिए वीकेऐंड किसी उत्‍सव से कम नहीं है। सीजन कोई भी हो पर्यटकों का सैलाब यहां हमेशा ही उमडा रहता है। विशेषकर पश्चिमी उत्‍तर प्रदेश, दिल्‍ली, हरियाणा और पंजाब के सैलानी शनिवार को ही यहां का रुख कर लेते हैं। स्रहस्रधारा की जिस नदी में घंटों पानी में पसरकर वे सुकून के पल बिताते थे, वह नदी अब विकराल रूप में बह रही है। चार दिन बाद नदी का जलस्‍तर भले ही थोडा कम हुआ हो, लेकिन लहरें मानों अभी भी कुपित हैं। शुक्रवार की शाम करीब पौने सात बजे बाजार में इक्‍का-दुक्‍का दुकानों को छोड ज्‍यादातर बंद हैं। बामुश्किल एक दो वाहन ही कभी कभार सडक पर नजर आ रहे हैं। दुकानों के ध्‍वंसाशेष उस रात की याद ताजा करते प्रतीत हो रहे हैं। जिन रास्‍तों से वाहनों का जमघट आगे बढने से रोकता था, वहां कोई अवरोध नहीं है। स्‍थानीय नागरिक श्‍याम सिंह कहते हैं, आपदा तो पहले भी देखी थी, लेकिन इस बार तो मानो प्रलय ही आ गई हो। उम्‍मीदों का दामन थाम वह कहते हैं आज प्रकृति भले ही रूठी हो, लेकिन कल अवश्‍य हम पर नेमतें बरसाएगी। ये दिन भी गुजर ही जाएंगे।

 

You Might Also Like

चारधाम यात्रा से पहले गैस आपूर्ति पर फोकस, खाद्य विभाग ने बनाई व्यापक रणनीति

रोड रेज मामले में सख्ती, दो अधिकारी निलंबित

ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को केंद्र की मंजूरी, 1105 करोड़ की परियोजना को मिली हरी झंडी

राहत की खबर: उत्तराखंड में बिजली दरें जस की तस, बढ़ोतरी प्रस्ताव खारिज

Kedarnath के लिए 8 हेली ऑपरेटर तय, किराये में मामूली संशोधन

TAGGED: and the slow journey back to normalcy., is now blanketed in silence after the recent natural disaster on September 15. Read about the devastation, once a bustling tourist destination, Sahastradhara, the ongoing clean-up efforts
Web Editor September 20, 2025
Share this Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article सीएम का अल्‍टीमेटम, एक माह में पूरा करें सड़कों का पैचवर्क
Next Article नकल माफिया पर बड़ी कार्रवाई, हाकम सिंह और सहयोगी गिरफ्तार, अभ्यर्थियों से मांग रहे थे 15 लाख
Leave a comment Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM-1.mp4
https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM.mp4

Stay Connected

100 Followers Like
100 Followers Follow
100 Followers Follow
100 Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow
- Advertisement -
Ad imageAd image

Latest News

चारधाम यात्रा से पहले गैस आपूर्ति पर फोकस, खाद्य विभाग ने बनाई व्यापक रणनीति
उत्तराखंड April 1, 2026
धामी सरकार का भ्रष्टाचार पर बड़ा प्रहार, देहरादून में उप शिक्षा अधिकारी रंगे हाथ गिरफ्तार
क्राइम April 1, 2026
रोड रेज मामले में सख्ती, दो अधिकारी निलंबित
उत्तराखंड क्राइम March 31, 2026
ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को केंद्र की मंजूरी, 1105 करोड़ की परियोजना को मिली हरी झंडी
उत्तराखंड March 31, 2026

Recent Posts

  • चारधाम यात्रा से पहले गैस आपूर्ति पर फोकस, खाद्य विभाग ने बनाई व्यापक रणनीति
  • धामी सरकार का भ्रष्टाचार पर बड़ा प्रहार, देहरादून में उप शिक्षा अधिकारी रंगे हाथ गिरफ्तार
  • रोड रेज मामले में सख्ती, दो अधिकारी निलंबित
  • ऋषिकेश बाईपास फोरलेन को केंद्र की मंजूरी, 1105 करोड़ की परियोजना को मिली हरी झंडी
  • राहत की खबर: उत्तराखंड में बिजली दरें जस की तस, बढ़ोतरी प्रस्ताव खारिज

साथियों, ये है हिमालय की आवाज. आप सोच रहे होंगे कि इतने पोर्टल के बीच एक और पोर्टल. इसमें क्या अलग है. यूं तो इसमें भी खबर ही होंगी, लेकिन साथ ही होगी हिमालय की आवाज यानी अपनी माटी, अपने गांव गली और चौक की बात. जल-जंगल और जमीन की बात भी. पहाड़ के विकास के लिए हम दमदार आवाज बनेंगे. आप सभी शुभचिंतकों के सहयोग का आकांक्षी. : किरण शर्मा, संस्‍थापक

Most Viewed Posts

  • मक्‍की की वजह से पर्यटन के नक्‍शे पर आया यह गांव (6,078)
  • राज्य में 12 पी माइनस थ्री पोलिंग स्टेशन बनाए गए (5,973)
  • टिहरी राजपरिवार के पास 200 करोड से अधिक की संपत्ति (4,473)
  • कम मतदान प्रतिशत वाले बूथों पर जनजागरूकता में जुटा चुनाव आयोग (4,347)
  • प्रधानमंत्री माेदी और गृह मंत्री शाह जल्‍द आएंगे उत्‍तराखंड (4,260)
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Follow US

© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?