Adi Kailash–Nabidhang to Get Air Connectivity, Boost to Kailash Pilgrimage
देहरादून, 11 February 2026 : उत्तराखंड में धार्मिक और सीमांत पर्यटन को सशक्त बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में मंगलवार को सचिवालय में उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण की उत्तराखंड एयर कनेक्टिविटी स्कीम को लेकर अहम बैठक हुई। बैठक में प्रदेश की हवाई कनेक्टिविटी की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को आदि कैलाश और नाभिडांग को हवाई सेवा से जोड़ने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आदि कैलाश क्षेत्र तक हवाई पहुंच से न केवल कैलाश यात्रा को सुगम बनाया जा सकेगा, बल्कि सीमांत क्षेत्रों में पर्यटन, व्यापार और आपातकालीन सेवाओं को भी मजबूती मिलेगी।
मुख्य सचिव ने यह भी निर्देश दिए कि सहस्त्रधारा से पूर्णागिरी के लिए शीघ्र हवाई सेवा प्रारंभ की जाए, जिससे कुमाऊं क्षेत्र के धार्मिक पर्यटन को गति मिल सके। उन्होंने कहा कि राज्य में हवाई संपर्क बढ़ाने की संभावनाओं पर निरंतर कार्य किया जाए और पर्यटन सर्किट को ध्यान में रखते हुए हैलीपैड व हैलीपोर्ट सुविधाओं का विस्तार किया जाए।
बैठक में सचिव सचिन कुर्वे ने बताया कि प्रदेश में नए हैलीपैड और हैलीपोर्ट विकसित करने के प्रयास तेजी से चल रहे हैं। उन्होंने जानकारी दी कि नैनीसैनी एयरपोर्ट को शीघ्र ही एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया को हैंडओवर किया जाएगा, जिससे क्षेत्रीय हवाई सेवाओं को और मजबूती मिलेगी।
आदि कैलाश और नाभिडांग को हवाई नेटवर्क से जोड़ने की यह पहल उत्तराखंड के दुर्गम सीमांत क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में मील का पत्थर मानी जा रही है। इससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को जहां सुरक्षित व सुविधाजनक यात्रा मिलेगी, वहीं स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आजीविका के नए अवसर भी सृजित होंगे।


