Dehradun, 30 June 2026। उत्तराखंड में दक्षिण-पश्चिम मानसून का लंबा इंतजार आखिरकार मंगलवार को समाप्त हो गया। मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून ने राज्य में मानसून के प्रवेश की आधिकारिक घोषणा कर दी है। इस वर्ष मानसून सामान्य तिथि की तुलना में करीब सात दिन की देरी से प्रदेश पहुंचा। मौसम विभाग का कहना है कि अब मानसून सक्रिय होने के साथ ही राज्य के अधिकांश जिलों में वर्षा की गतिविधियां तेज होने की संभावना है, जिससे गर्मी और लंबे समय से बनी बारिश की कमी से राहत मिलेगी।
मौसम विभाग के अनुसार सामान्य परिस्थितियों में मानसून एक जून के आसपास केरल पहुंचता है और लगभग 20 दिनों में उत्तराखंड तक पहुंच जाता है। इस बार मानसून चार जून को केरल पहुंचा, यानी शुरुआत ही तीन दिन की देरी से हुई। इसके बाद मध्य भारत में इसकी रफ्तार धीमी पड़ गई, जिससे उत्तर-पश्चिम भारत की ओर बढ़ने में अतिरिक्त समय लगा और उत्तराखंड में इसका प्रवेश 30 जून को हो सका।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक प्रशांत महासागर में बनी अल नीनो जैसी परिस्थितियों का असर इस बार मानसूनी हवाओं की गति और वितरण पर पड़ा। जून के मध्य में मानसून कुछ समय के लिए कमजोर पड़ गया था, लेकिन बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से पर्याप्त नमी मिलने के बाद इसकी गतिविधियां दोबारा तेज हुईं और मानसून ने उत्तराखंड में प्रवेश कर लिया।
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में प्रदेश के पर्वतीय और मैदानी दोनों क्षेत्रों में अच्छी बारिश दर्ज हो सकती है। इससे जल स्रोतों में सुधार, कृषि गतिविधियों को गति और तापमान में गिरावट की उम्मीद है। हालांकि विभाग ने लोगों को भारी बारिश वाले क्षेत्रों में सतर्क रहने और मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने की भी सलाह दी है।
पिछले वर्षों में उत्तराखंड में मानसून आगमन की तिथि
2014 – 1 जुलाई
2015 – 24 जून
2016 – 21 जून
2017 – 1 जुलाई
2018 – 30 जून
2019 – 24 जून
2020 – 23 जून
2021 – 13 जून
2022 – 30 जून
2023 – 23 जून
2024 – 27 जून
2025 – 20 जून
2026 – 30 जून




