Amit Shah Signals BJP’s 2027 Uttarakhand Election Campaign from Haridwar Rally
हरिद्वार, 08 March 2026। धर्मनगरी हरिद्वार के गंगा तट से उत्तराखंड की सियासत में चुनावी हलचल तेज हो गई है। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की जनसभा के साथ ही राज्य में 2027 के विधानसभा चुनाव की रणभेरी बजती दिखाई दी। इस सभा को भाजपा के आगामी चुनाव अभियान की औपचारिक शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है, जहां पार्टी ने अपनी चुनावी रणनीति के संकेत भी स्पष्ट कर दिए।
हरिद्वार में आयोजित इस जनसभा के जरिए भाजपा ने यह संदेश देने की कोशिश की कि वह 2027 में लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी के लिए पूरी ताकत से मैदान में उतरने जा रही है। पार्टी ने अपने चुनावी एजेंडे के केंद्र में डबल इंजन सरकार के विकास मॉडल, सख्त कानूनों और राज्य की बढ़ती अर्थव्यवस्था को रखा है।
सभा के दौरान भाजपा नेताओं ने केंद्र और राज्य सरकार के समन्वय को उत्तराखंड के विकास की नई ताकत बताया। सड़क, हवाई कनेक्टिविटी, पर्यटन और निवेश जैसे क्षेत्रों में हो रहे बदलावों को “डबल इंजन सरकार” की उपलब्धियों के रूप में प्रस्तुत किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में लिए गए फैसलों को भी पार्टी सुशासन और मजबूत नेतृत्व के उदाहरण के रूप में प्रचारित कर रही है।
भाजपा प्रदेश में पिछले नौ वर्षों के शासनकाल को भी अपने चुनावी नैरेटिव की मुख्य धुरी बना रही है। समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने की पहल, नकल विरोधी कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून और दंगों पर सख्त प्रावधान जैसे निर्णयों को पार्टी मजबूत शासन के प्रतीक के रूप में सामने रख रही है। इन फैसलों ने मुख्यमंत्री धामी को पार्टी के भीतर एक मजबूत सिपहसलार के रूप में स्थापित किया है।
राजनीतिक दृष्टि से हरिद्वार की यह जनसभा काफी अहम मानी जा रही है। अमित शाह की इस हुंकार के साथ ही उत्तराखंड में चुनावी माहौल पूरी तरह गर्म हो गया है और भाजपा विकास तथा “धामी मॉडल” के दम पर 2027 में सत्ता की हैट्रिक लगाने की रणनीति के साथ मैदान में उतर चुकी है।
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भाषण में कांग्रेस और धामी का बार-बार जिक्र
अपने संबोधन के दौरान अमित शाह ने नौ बार कांग्रेस और दस बार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का नाम लिया। वहीं तीन बार “राहुल बाबा” और तीन बार “विकास” शब्द का भी उल्लेख किया।
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“आवाज दिल्ली तक गूंजनी चाहिए”
भाषण की शुरुआत में अमित शाह ने “भारत माता की जय” का नारा लगवाया। भीड़ की आवाज कम सुनाई देने पर उन्होंने कहा कि उत्तराखंड वालों, आवाज ऐसी होनी चाहिए कि दिल्ली तक गूंज जाए।




