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Himalaya Ki Awaj > Blog > उत्तराखंड > मानसून की पहली बारिश में पहाड़ हुए खतरनाक, मार्गों पर भूस्खलन का कहर
उत्तराखंड

मानसून की पहली बारिश में पहाड़ हुए खतरनाक, मार्गों पर भूस्खलन का कहर

Web Editor
Last updated: 2026/07/02 at 4:16 PM
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3 Min Read
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Dehradun,  02 July 2026। उत्तराखंड में मानसून की पहली तेज बारिश ने ही पहाड़ों की संवेदनशीलता उजागर कर दी है। जगह-जगह पहाड़ों से पत्थर और मलबा गिरने लगा है, जिससे चारधाम यात्रा मार्गों सहित कई प्रमुख सड़कें बाधित हो गई हैं। बदरीनाथ, केदारनाथ और यमुनोत्री हाईवे पर भूस्खलन की घटनाओं ने यात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, जबकि प्रशासन के लिए भी मार्गों को सुरक्षित और सुचारु बनाए रखना बड़ी चुनौती बन गया है।
सबसे अधिक असर बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर देखने को मिला। रुद्रप्रयाग के सिरोबगड़ क्षेत्र में भारी मलबा और चट्टानें आने से हाईवे करीब तीन घंटे तक बंद रहा। इस दौरान प्रशासन ने स्थानीय लोगों और यात्रियों की आवाजाही वैकल्पिक मार्ग से कराई। उधर, चमोली जिले में गुलाबकोटी के पास हुए बड़े भूस्खलन के कारण देर शाम तक बदरीनाथ हाईवे पूरी तरह बहाल नहीं हो सका।
केदारनाथ हाईवे भी बारिश की मार से अछूता नहीं रहा। बांसवाड़ा और सोनप्रयाग के बीच मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ, जबकि यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी भूस्खलन के चलते वाहनों की आवाजाही रोकनी पड़ी। लगातार हो रही बारिश के कारण पहाड़ों से पत्थर गिरने का सिलसिला जारी है, जिससे यात्रा मार्गों पर जोखिम बढ़ गया है।
राज्य के विभिन्न जिलों में प्रशासन, एनएच और बीआरओ की टीमें जेसीबी व अन्य भारी मशीनों की मदद से मलबा हटाकर मार्ग खोलने में जुटी हैं। अधिकारियों का कहना है कि मौसम सामान्य रहने पर बंद सड़कों को जल्द चालू करने का प्रयास किया जा रहा है। साथ ही यात्रियों से अपील की गई है कि वे यात्रा पर निकलने से पहले मौसम और सड़क की ताजा स्थिति की जानकारी अवश्य लें।
मानसून की शुरुआत में ही चारधाम यात्रा मार्गों का बार-बार बाधित होना इस बात का संकेत है कि आगामी दिनों में पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा और भी चुनौतीपूर्ण हो सकती है। मौसम विभाग पहले ही अगले कुछ दिनों तक कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जता चुका है, जिसके चलते प्रशासन अलर्ट मोड में है।
बॉक्स: गुमखाल के पास वाहन पर गिरा बोल्डर, छह लोग सुरक्षित
कोटद्वार। सतपुली-पौड़ी मोटर मार्ग पर गुमखाल के पास गुरुवार को एक इनोवा वाहन पर अचानक बोल्डर और मलबा गिर गया। वाहन में सवार एक ही परिवार के छह लोग किर्खू से दिल्ली जा रहे थे। सूचना मिलते ही एसडीआरएफ की टीम सब इंस्पेक्टर सावर सिंह के नेतृत्व में मौके पर पहुंची और स्थानीय पुलिस के सहयोग से सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हादसे में सभी बाल-बाल बच गए, हालांकि वाहन क्षतिग्रस्त हो गया।

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साथियों, ये है हिमालय की आवाज. आप सोच रहे होंगे कि इतने पोर्टल के बीच एक और पोर्टल. इसमें क्या अलग है. यूं तो इसमें भी खबर ही होंगी, लेकिन साथ ही होगी हिमालय की आवाज यानी अपनी माटी, अपने गांव गली और चौक की बात. जल-जंगल और जमीन की बात भी. पहाड़ के विकास के लिए हम दमदार आवाज बनेंगे. आप सभी शुभचिंतकों के सहयोग का आकांक्षी. : किरण शर्मा, संस्‍थापक

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