Dehradun, 24 September2026। उत्तराखंड की हिमालयी भौगोलिक परिस्थितियां पर्वतारोहण और साहसिक पर्यटन के विकास के लिए बड़ी संभावनाएं रखती हैं। पर्वतारोहण अभियानों के जरिए प्रदेश को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने के साथ युवाओं को साहसिक गतिविधियों से जोड़ने पर भी जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम), उत्तरकाशी के चार सफल पर्वतारोहण अभियानों का फ्लैग-इन किया।
मुख्यमंत्री ने माउंट एकांकागुआ और नुन-कुन पर्वत श्रृंखला की तीन चोटियों पर सफल आरोहण करने वाले पर्वतारोहियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि कठिन पर्वतीय परिस्थितियों में अभियानों को सफल बनाना युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। पर्वतारोहियों का साहस, अनुशासन, तकनीकी दक्षता और टीम भावना चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों से जूझने का संदेश देती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि निम पर्वतारोहण, साहसिक खेलों, युवा विकास और उच्च हिमालयी प्रशिक्षण के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। ऐसे अभियानों से युवाओं में साहसिक गतिविधियों के प्रति रुचि बढ़ने के साथ उत्तराखंड में एडवेंचर टूरिज्म को भी बढ़ावा मिल सकता है।
निम और जिम एंड डब्ल्यूएस, पहलगाम के संयुक्त माउंट एकांकागुआ अभियान का नेतृत्व कर्नल हेम चंद्र सिंह ने किया। छह सदस्यीय दल ने 22 फरवरी को अर्जेंटीना की 6,961 मीटर ऊंची माउंट एकांकागुआ चोटी पर सफल आरोहण किया।
वहीं, निम के नुन-कुन अभियान का नेतृत्व संस्थान के प्रधानाचार्य कर्नल एसएस राजपुरोहित ने किया। अभियान के तहत दल ने 15 अगस्त को 7,077 मीटर ऊंची माउंट कुन, 26 अगस्त को 5,908 मीटर ऊंची माउंट डेल्टा-41 और 31 अगस्त को 7,135 मीटर ऊंची माउंट नुन पर सफल आरोहण किया। इस अभियान में दल ने नुन-कुन श्रृंखला की तीन चोटियों पर तिरंगा फहराया।




