Almora,04 August 2026। अल्मोड़ा जिले के सल्ट विकासखंड में बाघ का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। सोमवार को डभरा सौराल के घोड़ीधार तोक में 21 वर्षीय विवाहिता शालिनी, पत्नी रविंद्र सिंह, घर के पास गोबर फेंकने गई थी। इसी दौरान घात लगाए बैठे बाघ ने उस पर हमला कर दिया और उसे जंगल की ओर घसीट ले गया। ग्रामीणों ने शोर मचाकर बाघ का पीछा किया, लेकिन महिला को बचाया नहीं जा सका। बाद में वन विभाग और ग्रामीणों के संयुक्त सर्च अभियान में शालिनी का शव बरामद हुआ।
पूर्व बीडीसी सदस्य भीम सिंह नेगी ने बताया कि शालिनी का विवाह पिछले वर्ष ही हुआ था। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों ने क्षेत्र में बाघ के बढ़ते खतरे को देखते हुए तत्काल प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।
सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी गंगाशरण के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) दीपक सिंह ने घटनास्थल का निरीक्षण कर बताया कि प्रभावित क्षेत्र में बाघ की निगरानी के लिए ट्रैंकुलाइजिंग गन, पिंजरे और ड्रोन की मदद से लगातार गश्त की जा रही है। वन विभाग की टीम बाघ की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है।
सल्ट क्षेत्र में पिछले आठ महीनों के दौरान बाघ के हमलों में यह तीसरी मौत है। इससे पहले 31 दिसंबर को खोल्यों टोटाम गांव में घास लेने गई एक बुजुर्ग महिला की बाघ के हमले में मौत हुई थी। इसके बाद 31 मार्च को तड़म गांव के खीम सिंह (60) को बाघ ने अपना शिकार बनाया। वहीं 3 मई को महिपाल सिंह की भी बाघ के हमले में जान चली गई थी।
लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोगों का कहना है कि बाघ अब जंगल तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि गांवों और घरों के आसपास तक पहुंच रहा है। ग्रामीणों ने वन विभाग से बाघ को जल्द पकड़ने और प्रभावित क्षेत्रों में स्थायी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।




