By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
  • क्राइम
  • देश-विदेश
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • स्पोर्ट्स
  • स्वास्थ्य
  • वीडियो न्यूज़
Search
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Reading: Dehradun Divyang Rehabilitation Center : देहरादून को मिला राज्य का पहला आधुनिक जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र
Share
Notification Show More
Latest News
12वीं के छात्रों को ट्रैफिक नियम सिखाएगी देहरादून पुलिस, होगी विशेष कार्यशाला
उत्तराखंड
पक्षियों की रंग-बिरंगी दुनिया से रूबरू हुए छात्र, फोटो प्रदर्शनी ने बढ़ाई प्रकृति संरक्षण की समझ
उत्तराखंड
अब जंगल के पड़ोस में जीना सीखेंगे लोग, वन्य जीवों से संघर्ष रोकने को बनेगी नई रणनीति
उत्तराखंड
उत्तराखंड में 2000 से अधिक सरकारी पदों पर भर्ती का कैलेंडर जारी
उत्तराखंड
सकारात्मक सोच और आध्यात्मिकता से मिलती है सफलता की राह : योगी आदित्यनाथ
उत्तराखंड
Aa
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Aa
  • पर्यटन
  • राजनीती
Search
  • उत्तराखंड
  • करियर
  • राजनीती
  • पर्यटन
Follow US
  • Advertise
© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs
Himalaya Ki Awaj > Blog > Uncategorized > Dehradun Divyang Rehabilitation Center : देहरादून को मिला राज्य का पहला आधुनिक जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र
Uncategorized

Dehradun Divyang Rehabilitation Center : देहरादून को मिला राज्य का पहला आधुनिक जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र

Web Editor
Last updated: 2025/08/20 at 2:32 AM
Web Editor
Share
3 Min Read
SHARE

Dehradun Gets Uttarakhand’s First Modern Divyang Rehabilitation Center

 

Dehradun Divyang Rehabilitation Center : देहरादून, 19 अगस्त 2025: दिव्यांगजनों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए देहरादून के गांधी शताब्दी चिकित्सालय में राज्य के पहले आधुनिक जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र (DDRC) का निर्माण किया जा रहा है। जिलाधिकारी सविन बंसल ने आज केंद्र का स्थलीय निरीक्षण कर सुविधाओं का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि केंद्र में दिव्यांगजनों के लिए सभी आवश्यक और आधुनिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने विशेष जोर देते हुए कहा कि फिजियोथेरेपी के लिए एक अलग और बड़ा स्थान बनाया जाए, जिसके लिए केंद्र के पीछे वाले कक्ष को समायोजित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, जिलाधिकारी ने चिकित्सालय परिसर में केंद्र के लिए एक अलग प्रवेश द्वार बनाने और पार्किंग व आवागमन के लिए पीआरडी कर्मियों को तैनात करने के निर्देश दिए। समाज कल्याण अधिकारी को निर्देशित किया गया कि केंद्र में आने वाले दिव्यांगजनों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।

इस अत्याधुनिक केंद्र में दिव्यांगजनों को अब प्रमाण पत्र बनवाने से लेकर फिजियोथेरेपी, मनोवैज्ञानिक सलाह, कृत्रिम अंग प्राप्त करने और कौशल विकास प्रशिक्षण तक की सभी सुविधाएं एक ही स्थान पर मिलेंगी। पहले यह केंद्र हरबर्टपुर और राजा रोड पर अलग-अलग स्थानों पर संचालित हो रहा था, जिससे दिव्यांगजनों को काफी असुविधा होती थी। इस समस्या को देखते हुए सभी सेवाओं को एक छत के नीचे लाने का निर्णय लिया गया है।

केंद्र में मंगलवार और बुधवार को आधार मशीन सहित विशेषज्ञ कर्मचारी उपलब्ध रहेंगे, जिससे दिव्यांगजनों के आधार कार्ड बनाने और अपडेट करने का कार्य भी सुगमता से हो सकेगा। इसके लिए पंजीकरण कक्ष और वेटिंग रूम भी बनाया गया है। डीडीआरसी की बहु-विषयी (मल्टी-डिसिप्लिनरी) टीम में फिजियोथेरेपिस्ट, स्पीच थेरेपिस्ट, ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट और काउंसलर जैसे विशेषज्ञ शामिल होंगे, जो दिव्यांगजनों के समग्र पुनर्वास को सुनिश्चित करेंगे।

यह केंद्र सहायक उपकरण जैसे व्हीलचेयर, ट्राईसाइकिल, श्रवण यंत्र आदि का वितरण करेगा और कौशल विकास प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाएगा। साथ ही, उन्हें स्वरोजगार योजनाओं और सरकारी योजनाओं जैसे यूडीआईडी कार्ड, पेंशन, छात्रवृत्ति आदि से भी जोड़ा जाएगा। केंद्र का संचालन समाज कल्याण विभाग की जिम्मेदारी होगी और यह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की समावेशी और सुलभ सेवा नीति को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। केंद्र भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार स्वैच्छिक संस्थाओं द्वारा संचालित किया जाएगा, जिसमें 14 स्वीकृत पदों का वेतन समाज कल्याण विभाग वहन करेगा।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज शर्मा, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मनु जैन, प्रमोद कुमार और राजीव सब्बरवाल सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे।


You Might Also Like

किशोरी को बंधक बना सामूहिक दुष्कर्म, एक गिरफ्तार

चारधाम यात्रा : पीएम मोदी के ‘पांच मूल मंत्र’

केदारनाथ के कपाट खुलते ही शिखर पर आस्था, उमड़े भक्त सीएम ने किए दर्शन

यूट्यूब चैनल की भ्रामक खबर पर कार्रवाई की मांग, अस्पताल करेगा 5 करोड़ का मानहानि दावा

यमुनोत्री रोपवे परियोजना का एलाइनमेंट बदलने की तैयारी

TAGGED: Dehradun's Gandhi Shatabdi Hospital now hosts Uttarakhand's first modern district Divyang Rehabilitation Center. DM Savin Bansal inspected the facility, which offers all-in-one services from certifications to physiotherapy and artificial limbs for people with disabilities.
Web Editor August 20, 2025
Share this Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article Doon University photography exhibition : दून विवि में ‘विश्व फोटोग्राफी दिवस’ पर सामाजिक संदेश देती तस्वीरों की प्रदर्शनी
Next Article Dehradun hospital upgrade : डीएम ने एसएनसीयू और आधुनिक टीकाकरण केंद्र का किया निरीक्षण
Leave a comment Leave a comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM-1.mp4
https://himalayakiawaj.com/wp-content/uploads/2026/02/WhatsApp-Video-2025-04-22-at-7.39.16-PM.mp4

Stay Connected

100 Followers Like
100 Followers Follow
100 Followers Follow
100 Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow
- Advertisement -
Ad imageAd image

Latest News

12वीं के छात्रों को ट्रैफिक नियम सिखाएगी देहरादून पुलिस, होगी विशेष कार्यशाला
उत्तराखंड May 13, 2026
पक्षियों की रंग-बिरंगी दुनिया से रूबरू हुए छात्र, फोटो प्रदर्शनी ने बढ़ाई प्रकृति संरक्षण की समझ
उत्तराखंड May 10, 2026
अब जंगल के पड़ोस में जीना सीखेंगे लोग, वन्य जीवों से संघर्ष रोकने को बनेगी नई रणनीति
उत्तराखंड May 8, 2026
उत्तराखंड में 2000 से अधिक सरकारी पदों पर भर्ती का कैलेंडर जारी
उत्तराखंड May 8, 2026

Recent Posts

  • 12वीं के छात्रों को ट्रैफिक नियम सिखाएगी देहरादून पुलिस, होगी विशेष कार्यशाला
  • पक्षियों की रंग-बिरंगी दुनिया से रूबरू हुए छात्र, फोटो प्रदर्शनी ने बढ़ाई प्रकृति संरक्षण की समझ
  • अब जंगल के पड़ोस में जीना सीखेंगे लोग, वन्य जीवों से संघर्ष रोकने को बनेगी नई रणनीति
  • उत्तराखंड में 2000 से अधिक सरकारी पदों पर भर्ती का कैलेंडर जारी
  • सकारात्मक सोच और आध्यात्मिकता से मिलती है सफलता की राह : योगी आदित्यनाथ

साथियों, ये है हिमालय की आवाज. आप सोच रहे होंगे कि इतने पोर्टल के बीच एक और पोर्टल. इसमें क्या अलग है. यूं तो इसमें भी खबर ही होंगी, लेकिन साथ ही होगी हिमालय की आवाज यानी अपनी माटी, अपने गांव गली और चौक की बात. जल-जंगल और जमीन की बात भी. पहाड़ के विकास के लिए हम दमदार आवाज बनेंगे. आप सभी शुभचिंतकों के सहयोग का आकांक्षी. : किरण शर्मा, संस्‍थापक

Most Viewed Posts

  • मक्‍की की वजह से पर्यटन के नक्‍शे पर आया यह गांव (6,172)
  • राज्य में 12 पी माइनस थ्री पोलिंग स्टेशन बनाए गए (6,040)
  • टिहरी राजपरिवार के पास 200 करोड से अधिक की संपत्ति (4,550)
  • कम मतदान प्रतिशत वाले बूथों पर जनजागरूकता में जुटा चुनाव आयोग (4,431)
  • प्रधानमंत्री माेदी और गृह मंत्री शाह जल्‍द आएंगे उत्‍तराखंड (4,320)
Himalaya Ki AwajHimalaya Ki Awaj
Follow US

© 2023 Himalaya Ki Awaj. All Rights Reserved. | Designed By: Tech Yard Labs

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?